नागपुर : धम्मचक्र प्रवर्तन दिन के अवसर पर दीक्षाभूमि परिसर में देशभर से आने वाले अनुयायियों के लिए आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से 7.92 करोड़ रुपये के आराखड़े को मंजूरी दी गई है। जिलाधिकारी कुमार आशीर्वाद ने व्यवस्थाओं का निरीक्षण कर संबंधित अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए।
आगामी 18 से 21 अक्टूबर के दौरान दीक्षाभूमि परिसर में बड़ी संख्या में अनुयायियों के आने की संभावना को देखते हुए प्रशासन की ओर से व्यापक तैयारियां की जा रही हैं। विभिन्न विभागों के माध्यम से आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। धम्मचक्र प्रवर्तन दिन के अवसर पर इस बार दीक्षाभूमि आने वाले अनुयायियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए टेंट के माध्यम से विशेष आवासीय एवं नागरिक सुविधाओं की व्यवस्था की जा रही है। इसके लिए आईटीआई परिसर, दीक्षाभूमि स्टेज परिसर, बेझनबाग ग्राउंड, ऊंटखाना ग्राउंड सहित करीब 20 स्थानों पर व्यापक तैयारियां की जा रही हैं।

अनुयायियों के रहने के लिए वॉटरप्रूफ टेंट लगाए जा रहे हैं, ताकि मौसम की प्रतिकूल परिस्थितियों में भी उन्हें परेशानी न हो। इन टेंटों में LED प्रकाश व्यवस्था, मोबाइल चार्जिंग की सुविधा, वॉशरूम, टॉयलेट्स, स्वच्छ पेयजल सहित अन्य आवश्यक नागरिक सुविधाएं उपलब्ध कराने पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।
प्रशासन का उद्देश्य है कि देशभर से दीक्षाभूमि पहुंचने वाले लाखों अनुयायियों को सुव्यवस्थित, सुरक्षित और सुविधाजनक वातावरण उपलब्ध हो तथा धम्मचक्र प्रवर्तन दिन के दौरान उन्हें आवास, भोजन, स्वच्छता, प्रकाश और अन्य मूलभूत सुविधाओं के लिए किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े।
इन सुविधाओं पर विशेष ध्यान
अनुयायियों के लिए शुद्ध पेयजल, स्वच्छता, स्वास्थ्य सुविधा, प्रकाश व्यवस्था, सुरक्षा, यातायात व्यवस्था, पार्किंग, सीसीटीवी और पुलिस बंदोबस्त सहित विभिन्न व्यवस्थाएं की जा रही हैं।
इसके अलावा स्वयंसेवकों की व्यवस्था, रात में प्रकाश एवं सुरक्षा व्यवस्था तथा परिसर में मूवमेंट ट्रैकिंग जैसी सुविधाओं पर भी विशेष ध्यान दिया जा रहा है।
अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि सभी आवश्यक व्यवस्थाएं समय पर पूरी की जाएं और धम्मचक्र प्रवर्तन दिन के दौरान आने वाले अनुयायियों को किसी प्रकार की असुविधा न हो।

यंत्रणाओं में समन्वय के निर्देश
धम्मचक्र प्रवर्तन दिन के दौरान दीक्षाभूमि में बड़ी संख्या में अनुयायी आने की संभावना को देखते हुए निवास, भोजन, पानी, स्वच्छता, सुरक्षा और यातायात जैसी सभी सुविधाओं के लिए संबंधित विभागों के बीच समन्वय रखने के निर्देश दिए गए हैं।
जिलाधिकारी ने कहा कि सभी विभागों को आपसी समन्वय के साथ काम करते हुए व्यवस्थाएं सुचारु रूप से सुनिश्चित करनी चाहिए।