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‘We Stand with Iran’: 1 अक्टूबर को मुंबई में VBA का प्रदर्शन, ईरान के समर्थन को लेकर उठाएगी आवाज

by Admin
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वंचित बहुजन आघाड़ी (VBA) ने 1 अक्टूबर को मुंबई में ‘We Stand with Iran’ नाम से एक प्रदर्शन आयोजित करने का ऐलान किया है। संगठन के मुताबिक यह आंदोलन केवल किसी एक राजनीतिक या स्थानीय मुद्दे तक सीमित नहीं है, बल्कि विदेश नीति, अंतरराष्ट्रीय संबंधों और युद्ध के भारतीय अर्थव्यवस्था व आम लोगों पर पड़ने वाले असर जैसे व्यापक सवालों को उठाने के लिए किया जा रहा है।

मुंबई: वंचित बहुजन आघाड़ी (VBA) ने 1 अक्टूबर को मुंबई में ‘We Stand with Iran’ नाम से एक प्रदर्शन आयोजित करने का ऐलान किया है। संगठन के मुताबिक यह आंदोलन केवल किसी एक राजनीतिक या स्थानीय मुद्दे तक सीमित नहीं है, बल्कि विदेश नीति, अंतरराष्ट्रीय संबंधों और युद्ध के भारतीय अर्थव्यवस्था व आम लोगों पर पड़ने वाले असर जैसे व्यापक सवालों को उठाने के लिए किया जा रहा है।

VBA का कहना है कि फुले-शाहू-आंबेडकरवादी विचारधारा से प्रभावित बुद्धिजीवी, सामाजिक कार्यकर्ता और कुछ अधिकारी भी इस मुद्दे पर चर्चा कर रहे हैं। संगठन ने सवाल उठाया है कि भारत को मौजूदा ईरान-अमेरिका-इजरायल तनाव के बीच ईरान के साथ किस तरह का रुख अपनाना चाहिए।

‘ईरान ने कश्मीर मुद्दे पर भारत का समर्थन किया’

VBA के अनुसार ईरान ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कश्मीर के मुद्दे पर भारत के पक्ष का समर्थन किया है। संगठन का यह भी दावा है कि ईरान भारत के लिए कच्चे तेल का एक महत्वपूर्ण स्रोत रहा है और दोनों देशों के बीच तेल व्यापार के संबंध रहे हैं।

VBA का तर्क है कि मौजूदा पश्चिम एशिया संघर्ष का असर केवल विदेश नीति तक सीमित नहीं रहेगा। युद्ध के कारण अगर अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतें बढ़ती हैं, तो इसका असर पेट्रोल-डीजल से लेकर परिवहन और रोजमर्रा की वस्तुओं की कीमतों तक पड़ सकता है। संगठन का कहना है कि इसका सीधा दबाव आम परिवारों के बजट पर पड़ेगा।

अमेरिका-इजरायल की नीति पर VBA के सवाल

वंचित बहुजन आघाड़ी ने अमेरिका और इजरायल की ईरान को लेकर अपनाई जा रही नीति पर भी सवाल उठाए हैं। संगठन का आरोप है कि मौजूदा संघर्ष में भारत सरकार का रुख इजरायल के पक्ष में झुका हुआ है और भारत से इजरायल को हथियारों की आपूर्ति किए जाने का भी दावा किया गया है।

हालांकि, हथियारों की आपूर्ति से जुड़े ऐसे दावों को स्वतंत्र रूप से पुष्ट किए जाने की जरूरत है। इसलिए इन्हें VBA के आरोप के तौर पर ही देखा जाना चाहिए।

‘राष्ट्रीय हित में ईरान के साथ खड़ा होना चाहिए’

VBA का कहना है कि विदेश नीति को केवल सरकारों के स्तर पर नहीं देखा जाना चाहिए, बल्कि आम भारतीयों के आर्थिक हितों से भी जोड़कर समझना चाहिए। संगठन के मुताबिक ईरान के साथ भारत के ऊर्जा और रणनीतिक संबंधों को देखते हुए भारत को मौजूदा परिस्थितियों में ईरान के प्रति अपना रुख स्पष्ट करना चाहिए।

संगठन ने दावा किया है कि 1 अक्टूबर का आंदोलन देश की कथित ‘दोहरे मापदंड वाली’ विदेश नीति को उजागर करने के उद्देश्य से किया जा रहा है।

CSMT पर जुटने की अपील

VBA ने अपने समर्थकों, सामाजिक कार्यकर्ताओं और आम नागरिकों से 1 अक्टूबर को मुंबई के छत्रपति शिवाजी महाराज टर्मिनस (CSMT) पर एकत्र होने की अपील की है। संगठन का कहना है कि इस प्रदर्शन के जरिए यह संदेश दर्ज कराया जाएगा कि भारत के लोग ईरान के साथ खड़े हैं।

वंचित बहुजन आघाड़ी की आधिकारिक वेबसाइट के अनुसार संगठन की राजनीतिक गतिविधियों में सामाजिक न्याय, प्रतिनिधित्व और फुले-आंबेडकरवादी विचारधारा से जुड़े मुद्दे प्रमुख रहे हैं

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