मुंबई/कर्जत: महाराष्ट्र के कर्जत रेलवे स्टेशन पर शनिवार शाम कोल्हापुर-मुंबई कोयना एक्सप्रेस में अचानक भारी धुआं निकलने से यात्रियों में हड़कंप मच गया। ट्रेन के एक डिब्बे के पहिए और ब्रेक सिस्टम के पास से धुआं उठता देखकर कुछ यात्री घबरा गए और ट्रेन से नीचे उतरने लगे। सोशल मीडिया पर घटना का वीडियो भी सामने आया है।
हालांकि शुरुआती खबरों में इसे ट्रेन में आग लगने की घटना बताया गया, लेकिन रेलवे की प्रारंभिक जांच में ब्रेक बाइंडिंग की समस्या सामने आई। यानी ब्रेक पूरी तरह रिलीज न होने के कारण ब्रेक और पहिए के बीच लगातार घर्षण हुआ, जिससे अत्यधिक गर्मी पैदा हुई और धुआं निकलने लगा।
खंडाला घाट पार करने के बाद कर्जत में दिखा धुआं
कोयना एक्सप्रेस कोल्हापुर से मुंबई की ओर जा रही थी। खंडाला घाट पार करने के बाद जब ट्रेन कर्जत पहुंची, तब एक डिब्बे के नीचे से अचानक धुआं निकलता दिखाई दिया।
धुआं काफी ज्यादा था, जिसके कारण यात्रियों को लगा कि ट्रेन में आग लग गई है। देखते ही देखते यात्रियों में घबराहट फैल गई। कुछ यात्रियों ने ट्रेन रुकने से पहले ही नीचे उतरने की कोशिश की। घटना के दौरान स्टेशन पर कुछ समय के लिए अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
ब्रेक जाम होने से पैदा हुआ धुआं
रेलवे कर्मचारियों ने तत्काल प्रभावित डिब्बे की जांच शुरू की। प्रारंभिक जांच में ब्रेक बाइंडिंग को धुएं का कारण बताया गया।
ब्रेक बाइंडिंग की स्थिति में ब्रेक शू या पैड पहिए से पूरी तरह अलग नहीं होता। इसके चलते पहिए और ब्रेक के बीच लगातार रगड़ होती रहती है। घर्षण से तापमान बढ़ता है और इसी वजह से धुआं दिखाई दे सकता है।
रेलवे कर्मचारियों ने ब्रेक सिस्टम की जांच कर समस्या को दूर किया। इसके बाद ट्रेन को आगे रवाना कर दिया गया।
करीब 10 मिनट तक रोकी गई ट्रेन
अधिकारियों के मुताबिक, कोयना एक्सप्रेस को कर्जत स्टेशन पर शाम 6:26 बजे से 6:36 बजे तक करीब 10 मिनट रोका गया। इस दौरान तकनीकी कर्मचारियों ने ब्रेक सिस्टम की जांच की और आवश्यक कार्रवाई की। इसके बाद ट्रेन मुंबई की दिशा में रवाना हो गई।
इस दौरान पीछे आ रही दो लोकल ट्रेनों को भी कुछ समय के लिए रोके जाने की जानकारी सामने आई है, जिससे रेल यातायात पर मामूली असर पड़ा।
यात्रियों में क्यों मची इतनी दहशत?
ट्रेन के पहियों के पास से अचानक बड़ी मात्रा में धुआं निकलने के कारण यात्रियों को आग लगने का डर सताने लगा। वीडियो में कुछ यात्रियों को ट्रेन से नीचे उतरते हुए देखा गया।
खास बात यह है कि जिस समय यात्रियों ने नीचे उतरने की कोशिश की, उस समय आसपास रेलवे ट्रैक मौजूद थे। सौभाग्य से इस घटना में किसी यात्री के घायल होने या किसी तरह की जनहानि की सूचना नहीं है।
रेलवे कर्मचारियों और सुरक्षा बलों ने मौके पर पहुंचकर स्थिति को संभाला।
क्या ट्रेन में लगी थी आग?
प्रारंभिक जांच के मुताबिक ट्रेन में बड़ी आग लगने की पुष्टि नहीं हुई है। धुआं ब्रेक सिस्टम में आई तकनीकी समस्या के कारण निकला था। ब्रेक बाइंडिंग के कारण ब्रेक और पहिए के बीच घर्षण से गर्मी बढ़ी और धुआं दिखाई दिया।
इसलिए इस घटना को फिलहाल ‘ट्रेन में आग’ के बजाय ‘ब्रेक बाइंडिंग के कारण धुआं निकलने की घटना’ कहना अधिक सटीक होगा।
रेल सुरक्षा पर फिर उठे सवाल
इस घटना के बाद रेल यात्रियों की सुरक्षा को लेकर एक बार फिर सवाल उठ रहे हैं। खासकर तब जब ट्रेन लंबी दूरी तय करने के बाद घाट क्षेत्र से गुजरकर कर्जत पहुंची थी।
तकनीकी खराबी को समय रहते पहचानना और उसका तत्काल समाधान करना रेल सुरक्षा के लिहाज से बेहद महत्वपूर्ण है। हालांकि इस मामले में रेलवे कर्मचारियों ने धुआं दिखाई देने के बाद ट्रेन को रोककर जांच की और समस्या दूर करने के बाद ही उसे रवाना किया।
विपक्षी हमलों को भी मिला मुद्दा
घटना के बाद सोशल मीडिया और राजनीतिक हलकों में रेलवे सुरक्षा को लेकर केंद्र की भाजपा सरकार पर सवाल उठने लगे हैं। विपक्षी नेताओं और आलोचकों की ओर से इसे रेलवे में बढ़ती तकनीकी समस्याओं और सुरक्षा व्यवस्था से जोड़कर सरकार पर निशाना साधा जा रहा है।
हालांकि, कर्जत की इस घटना को सीधे किसी बड़ी रेल दुर्घटना या सरकार की विफलता का प्रमाण बताना अभी उचित नहीं होगा, क्योंकि उपलब्ध प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक यह ब्रेक बाइंडिंग की तकनीकी समस्या थी और इसमें कोई जनहानि नहीं हुई।
फिलहाल स्थिति सामान्य
रेलवे कर्मचारियों की जांच और तकनीकी कार्रवाई के बाद कोयना एक्सप्रेस को मुंबई की ओर रवाना कर दिया गया। घटना में किसी के घायल होने की सूचना नहीं है। हालांकि धुएं का वीडियो सामने आने के बाद यह घटना सोशल मीडिया पर तेजी से चर्चा में है।