Home » DGCA अफसर की गिरफ्तारी पर रोहित पवार ने उठाए सवाल,कहा …

DGCA अफसर की गिरफ्तारी पर रोहित पवार ने उठाए सवाल,कहा …

by Admin
0 comments 71 views

शरद पवार के नेतृत्व वाली राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (NCP-SP) के विधायक रोहित पवार ने दावा किया कि CBI द्वारा नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (DGCA) के एयरवर्थनेस विभाग के उप निदेशक की गिरफ्तारी और FIR दर्ज होने से कई भ्रष्ट अधिकारियों की मौजूदगी का खुलासा हुआ है। उन्होंने कहा कि गिरफ्तार किया गया व्यक्ति तो बस एक ‘छोटी मछली’ है।

मुंबई : शरद पवार के नेतृत्व वाली राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के विधायक रोहित पवार ने अजित पवार प्लेन क्रैश मामले में सीबीआई द्वारा की गई गिरफ्तारी पर सवाल उठाया है। रोहित पवार ने सोमवार को दावा किया कि सीबीआ द्वारा नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (डीजीसीए) के एयरवर्थनेस विभाग के उप निदेशक की गिरफ्तारी और एफआईआर दर्ज होने से कई भ्रष्ट अधिकारियों की मौजूदगी का खुलासा हुआ है। गिरफ्तार किया गया व्यक्ति तो बस एक ‘छोटी मछली’ है, इस संगठन में इससे भी कहीं बड़ी ‘मछलियां’ मौजूद हैं।

रोहित पवार ने एक्स पोस्ट में कहा, “सीबीआई ने डीजीसीए के एयरवर्थनेस डिपार्टमेंट के डिप्टी डायरेक्टर को गिरफ्तार कर लिया है और एफआईआर भी दर्ज की गई है। हम बार-बार यह बात उठाते रहे हैं कि डीजीसीए में कई भ्रष्ट अधिकारी मौजूद हैं, और इस घटना ने हमारी बात को सच साबित कर दिया है। जिस व्यक्ति को गिरफ्तार किया गया है, वह तो बस एक ‘छोटी मछली’ है। इस संगठन में तो इससे भी कहीं ज़्यादा बड़ी मछलियां मौजूद हैं।”

दादा की दुर्घटना की जाँच सीबीआय को क्यों नहींसौंपी ,रोहित पवार का सवाल
रोहित पवार ने आगे कहा कि अगर डीजीसीए में काम रिश्वत देकर करवाया जा रहा है तो कोई भी आसानी से यह अंदाज़ा लगा सकता है कि रिश्वत देने और बिचौलिए की भूमिका निभाने में माहिर वीके सिंह ने दादा की दुर्घटना से जुड़े दस्तावेजों को किस तरह से ‘साफ़’ (सबूत मिटाने) किया होगा। एक तरफ़, दादा की दुर्घटना की जांच सीबीआई को सौंपने की गुज़ारिश किए हुए दो महीने बीत चुके हैं, लेकिन सीबीआई ने अभी तक इस मामले को अपने हाथ में नहीं लिया है। वहीं दूसरी तरफ सीबीआई ने इस मामले में अपनी तरफ़ से कार्रवाई कर रही है, जो कि काफ़ी अहम बात है। हो सकता है कि यह टीडीपी सरकार के लिए कोई परोक्ष संदेश या चेतावनी रही हो। शायद यही वजह है कि टीडीपी ने क्षेत्रीय भावनाओं को दरकिनार करते हुए परिसीमन के मुद्दे पर केंद्र सरकार के आदेशों का पूरी सख़्ती से पालन किया है।

चार्टर ऑपरेटर वीएसआर वेंचर्स पर आरोप
रोहित पवार डीजीसीए के भीतर व्याप्त व्यवस्थागत भ्रष्टाचार और इस मामले से जुड़े निजी चार्टर विमान के सुरक्षा मानकों को लेकर चिंताएं उठाने में सबसे आगे रहे हैं। उन्होंने साफ तौर पर कहा है कि उन्हें शक है कि इस विमान दुर्घटना में किसी साज़िश का हाथ हो सकता है। उनके आरोप चार्टर ऑपरेटर वीएसआर वेंचर्स और डीजीसीए के अधिकारियों के बीच भ्रष्टाचार के एक “परेशान करने वाले जाल” पर केंद्रित हैं।

सीवीआर से जानबूझकर छेड़छाड़ करने का आरोप
विधायक ने अपने उस आरोप को दोहराया है कि रेगुलेटरी ज़रूरतों को पूरा करने के लिए पायलट के उड़ान घंटों की जानकारी में हेरफेर किया गया था। उन्होंने यह भी दावा किया कि सुरक्षा में हुई चूकों का खुलासा होने से बचने के लिए, कॉकपिट वॉयस रिकॉर्डर (सीवीआर) के साथ जान-बूझकर छेड़छाड़ की गई या फिर गुपचुप तरीके से पैसे देकर उन्हें बंद करवा दिया गया।

रोहित पवार ने यह सवाल उठाया है कि लियरजेट 45 विमान को उड़ान भरने की अनुमति कैसे दे दी गई जबकि इससे पहले भी उसमें तकनीकी खराबी की रिपोर्टें आई थीं। विमान का संचालन करने वाली कंपनी के मैनेजमेंट में वित्तीय अनियमितताओं के आरोप भी लगे थे। उन्होंने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और नागरिक उड्डयन मंत्री के. राममोहन नायडू को पत्र लिखकर इस मामले की एक विस्तृत और पारदर्शी जांच की मांग की है।

You may also like

Leave a Comment